Spiritual Healing
क्रोमोसोम (Chromosome) में बारह छल्ले होते हैं और हर छल्ले का अपना विशिष्ट रंग होता है। गर्भ
में यदि इन छल्लों के रंग में समानता रहती है तो बच्चा पूर्ण रूप से पुरुषी
लक्षणों से संपन्न होता है, और यदि एक भी छल्ले का रंग बाकी
ग्यारह छल्लों के रंग के समान नहीं रहता, तो उसी अनुरूप
बच्चे में पुरुषी गुणों की कमी हो जाती है। यदि इन बारह छल्लों में से किसी एक
छल्ले का रंग बहुत अधिक या बहुत कम हो जाता है तो लड़की उत्पन्न होती है।
कुछ पुरुषों में पुरुषी आकर्षण कम और स्त्रीत्व अधिक दिखाई
देता है। उनके बोलने का तरीका, चलने का
ढंग और रूप-रंग में नारीत्व की झलक होती है। कुछ पुरुषों की आवाज भी महिला की आवाज
की तरह होती है। इसके निवारण के लिए सुबह उठने के बाद और रात को सोने से पूर्व
लंबे समय तक अَ
اَلْرِّجَالُ قَوَّامُوْنَ عَلیَ النسَآءِ
"Ar-rijālu qawwāmūna ʿala an-nisāʾ."
का जप किया जाए।
रोहानी इलाज-आध्यात्मिक चिकित्सा-(Roohani ilaj)
ख्वाजा शम्सुद्दीन अजीमी
हज़ूर सरवर-ए-ब्रह्मांड
(P.B.U.H.) की सेवा में
संदेह और अनिश्चितता के तूफ़ान से उत्पन्न लगभग दो सौ
बीमारियों और समस्याओं को एकत्र कर इस पुस्तक में उनका समाधान प्रस्तुत किया जा
रहा है।
पुस्तक "रूहानी इलाज" में जितने भी
रोगों के उपचार और समस्याओं के समाधान प्रस्तुत किए गए हैं, वे सभी मुझे सिलसिला ओवैसिया, कलंदरिया, अज़ीमिया से
स्थानांतरित हुए हैं, और इस फ़क़ीर ने इन समस्त आमलियात
की ज़कात अदा की है।
मैं ब्रह्मांड की सृष्टि के लिए इस रूहानी कृपा को
सामान्य करता हूँ और सैय्यदुना हज़ूर (P.U.H.B.) के माध्यम से प्रार्थना करता हूँ कि अल्लाह तआला मेरी
इस कोशिश को स्वीकार्यता प्रदान करें, अपने भक्तों को
स्वास्थ्य प्रदान करें, और उन्हें कठिनाइयों, संकटों और परेशानियों से सुरक्षित रखें।
आमीन, सुम्मा आमीन।